तंत्र-सूत्र—विधि-35 (ओशो)

देखने के संबंध में छट्टी विधि: ‘’किसी गहरे कुएं के किनारे खड़े होकर उसकी गहराइयों में निरंतर देखते रहो—जब तक विस्‍मय-विमुग्‍ध न हो जाओ।‘’ ये विधियां थोड़े से फर्क के साथ एक जैसी है। ‘’किसी गहरे कुएं के किनारे खड़े होकर उसकी गहराईयों में निरंतर देखते रहो—जब तक विस्‍मय-विमुग्‍ध न हो जाओ।‘’ किसी गहरे कुएं … Read more तंत्र-सूत्र—विधि-35 (ओशो)