तंत्र सूत्र—विधि -55 (ओशो)

आत्‍म-स्‍मरण की तीसरी विधि— ‘’जब नींद अभी नहीं आयी हो और बाह्य जागरण विदा हो गया हो, उस मध्‍य बिंदू पर बोधपूर्ण रहने से आत्‍मा प्रकाशित होती है।‘’ तुम्‍हारी चेतना में कई मोड़ आते है, मोड़ के बिंदु आते है। इन बिंदुओं पर तुम अन्‍य समयों की तुलना में अपने केंद्र के ज्‍यादा करीब होते … Read more तंत्र सूत्र—विधि -55 (ओशो)